खजुराहो में आयोजित 'राज्य स्तरीय लोक उत्सव फ्लॉप रहा
खजुराहो में आयोजित 'राज्य स्तरीय लोक उत्सव फ्लॉप रहा
प्रचार प्रसार के अभाव में नहीं जुड़ सके लोग
खजुराहो। प्रदेश में नशे के खिलाफ बिगुल फूंकने के दावे के साथ सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग द्वारा विश्व पर्यटन नगरी खजुराहो के पाहिल वाटिका परिसर में 24 से 26 फरवरी के बीच आयोजित राज्य स्तरीय लोक उत्सव फ्लॉप साबित हुआ,जो शाम 6.30 से शुरू होता था नशा मुक्त भारत अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य लोक कलाकारों के गायन के जरिए आमजन मानस को नशे से दूर रहने का संदेश देना था, लेकिन हालात ऐसे रहे कि मंच पर कलाकारों की आवाज गूंजती रही और सामने खाली पड़ी कुर्सियां इस 'अभियान' का सच बयां करती रहीं।
मध्यप्रदेश शासन के महत्वाकांक्षी इस कार्यक्रम स्थल पर प्रचार प्रसार के अभाव में गिनती के लोग मौजूद थे,जिनके लिए लाखों के बजट और बड़े-बड़े दावों के साथ यह आयोजन किया गया, वही जनता नदारद दिखी। सवाल उठ रहे हैं कि आखिर प्रचार-प्रसार में इतनी लापरवाही क्यों बरती गई? क्या यह आयोजन सिर्फ कागजों में सफल दिखाने के लिए किया गया था या केवल जनसंपर्क विभाग से अखबारों में खबर छपवाने तक सीमित करना था।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर जमीनी स्तर पर जागरूकता और आमंत्रण की सही व्यवस्था होती, तो यह कार्यक्रम प्रभावी बन सकता था। लेकिन यहां तो मंच, माइक और लाइट की चकाचौंध के बीच जनसहभागिता पूरी तरह गायब रही। अब बड़ा सवाल यह है कि नशामुक्ति जैसे गंभीर विषय पर भी यदि कार्यक्रम महज औपचारिकता बनकर रह जाएं, तो अभियान की सार्थकता कैसे सिद्ध होगी? क्या विभाग इस फ्लॉप शो की जिम्मेदारी तय करेगा।

हार्ट अटैक से पिता की मौत, एम्बुलेंस न मिलने से लोडर में लेकर पहुंचा अस्पताल बेटा रास्ते भर देता रहा सीपीआर
खजुराहो में आयोजित 'राज्य स्तरीय लोक उत्सव फ्लॉप रहा
नौगांव में सड़क हादसे में छात्रा की दर्दनाक मौत
छतरपुर में हिंदू गौसेवकों का जोरदार प्रदर्शन, दामोदर यादव का पुतला फूंका
एसपी ने ली पुलिस अधिकारियों की बैठक आगामी पर्वों पर पुलिस व्यवस्था को लेकर दिए आवश्यक निर्देश
दंगाईयों ने निपटने पुलिस बल ने किया बलवा ड्रिल का अभ्यास