विधानसभा में ‘चूहों ने धान खा लिया’ मुद्दे पर हंगामा
रायपुर|छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र का आज सातवां दिन है. आज विपक्ष ने चूहों द्वारा धान खाने के मामले में स्थगन प्रस्ताव लेकर आया. आसंदी के स्थगन प्रस्ताव को अग्राह्य करने पर नारेबाजी करते हुए विपक्षी सदस्यों ने जमकर नारेबाजी की. इसके साथ गर्भगृह में पहुंचने पर स्वमेव निलंबित हुए. वहीं सदन में नेशनल हेराल्ड समेत अन्य कई मुद्दे भी उठाए गए|
विधानसभा में चूहों के धान खाने पर हंगामा
सदन की कार्यवाही के दौरान नेता-प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंंत ने धान खरीदी समितियों में चूहों के धान खाने का मामला उठाते हुए कहा कि सरकार के कुप्रबंधन के चलते 4600 करोड़ रुपए का नुकसान हुआ है. पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आरोप लगाया कि सरकार धान का सुरक्षा कर पाने में नाकाम रही है. सरकार गलत नीति से बड़ा नुकसान हुआ. वहीं इस मामले पर कांग्रेस विधायक उमेश पटेल ने कहा- पूरे प्रदेश में चूहों के धान खाने की खबर आ रही है|
विपक्ष ने नारेबाजी करते सदन से किया वॉकआउट
आसंदी के स्थगन प्रस्ताव को अग्राह्य करने पर सदन में जमकर नारेबाजी करते हुए गर्भ गृह में पहुंचे विपक्षी सदस्य स्वमेंव निलंबित हुए. इसके बाद सदन परिसर में कांग्रेस सदस्यों ने नारेबाजी करते हुए मुसवा के नाम पर सरकार से भ्रष्टाचार बंद करने की बात कहते हुए जमकार नारेबाजी भी की|
सदन में नेशनल हेराल्ड को लेकर भी चर्चा
विधानसभा बजट सत्र के दौरान मंगलवार को नेशनल हेराल्ड, संडे नवजीवन और नवसृजन मैगज़ीन को प्रदेश में बीते सालों में दिए गए विज्ञापनों की जानकारी मांगी गई. मुख्यमंत्री साय ने बताया कि नेशनल हेराल्ड को पांच सालों में 4.24 करोड़ रुपए का विज्ञापन दिया गया. वहीं नवसृजन को इस अवधि में कोई भुगतान नहीं किया गया|

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