नक्सलवाद को अलविदा: दंतेवाड़ा में 37 युवाओं ने छोड़ा बंदूक, क्या अब बस्तर में आएगी शांति?
दंतेवाड़ा: छत्तीसगढ़ में नक्सलियों ने आज बड़ा सरेंडर किया। 37 नक्सलियों ने ‘लाल आतंक’ छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया। ये सभी लोन वर्राटू अभियान के तहत दंतेवाड़ा एसपी के सामने आत्मसमर्पित हुए।
इनामी नक्सलियों की सूची
सरेंडर करने वालों में 8 लाख के इनामी कुम्मा उर्फ अनिता मंडावी सहित कुल 65 लाख के 27 इनामी नक्सली शामिल हैं। पुलिस महानिरीक्षक ने सभी माओवादी नेताओं से परिवार, समाज और राष्ट्र के प्रति सम्मान बनाए रखने की अपील की। सरकार द्वारा इन्हें पुनर्वास पैकेज और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, ताकि वे नया जीवन शुरू कर सकें।
पहले भी हुआ था सरेंडर
दो दिन पहले MMC जोन से ऑडियो मैसेज जारी करने वाले नक्सली प्रवक्ता अनंत ने 11 साथियों के साथ सरेंडर किया था। सरेंडर से पहले अनंत ने विस्तार न्यूज के रिपोर्टर संजय ठाकुर से संपर्क किया और अपने निर्णय की जानकारी साझा की।
सरेंडर प्रक्रिया का विवरण
संजय ठाकुर के माध्यम से अनंत और उनके साथी जंगलों से बाहर आए। ये नक्सली महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ की सीमा पर स्थित थे। इस सरेंडर के माध्यम से सुरक्षा बलों ने बड़े पैमाने पर सफलता हासिल की है और यह क्षेत्रीय शांति की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

राशिफल 19 अप्रैल 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
विश्व धरोहर दिवस पर रायपुर में सजी विरासत की अनोखी झलक, संरक्षण पर विशेषज्ञों का मंथन
बंदूक से विकास की ओर: सुकमा के तुंगल इको-पर्यटन केंद्र की प्रेरक कहानी
उमरिया जिले की पूजा सिंह ने रची आत्मनिर्भरता की प्रेरक कहानी
हमने सीवर सफाई के काम को चुनौती के रुप में स्वीकार किया है और हम बदलाव लाकर दिखाएंगे : ऊर्जा मंत्री तोमर
दिशा दर्शन भ्रमण आत्मनिर्भरता का सशक्त माध्यम: मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े
आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में उत्कृष्ट प्रदर्शन पर छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय स्तर पर मिले दो प्रतिष्ठित पुरस्कार
राज्यमंत्री गौर का सख्त रुख: लापरवाही पर एजेंसी को ब्लैकलिस्ट करने के निर्देश
महतारी वंदन योजना से संवर रही पहाड़ी कोरवा परिवारों की तकदीर