कांग्रेस ने कभी नहीं कहा- मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को रोका जाए
नई दिल्ली। बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर कांग्रेस ने संतोष जताया है और भाजपा पर गलत सूचना फैलाने और तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश करने का आरोप लगाया है। कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि विपक्ष की ओर से एसआईआर पर रोक लगाने की कोई मांग नहीं की गई थी। कांग्रेस वर्किंग कमेटी के सदस्य और सांसद डॉ अभिषेक मनु सिंघवी ने शनिवार को कांग्रेस मुख्यालय पर प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने आधार कार्ड, वोटर आईडी और राशन कार्ड को पहचान प्रमाण के तौर पर स्वीकार किया है, जो कि एसआईआर के तहत मांगे जा रहे नागरिकता प्रमाण के मुद्दे पर लगभग 90 प्रतिशत प्रभावित लोगों को राहत देता है।
उन्होंने कहा कि इस प्रक्रिया के कारण करीब 2 करोड़ मतदाता सूची से बाहर हो सकते हैं, जिनका नाम 2003 के बाद जोड़ा गया है और जिन्हें अब नागरिकता का प्रमाण देने के लिए कहा जा रहा है। डॉ सिंघवी ने जोर देकर कहा कि चुनाव आयोग का नागरिकता सत्यापन करना उसके अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। उन्होंने सवाल किया कि जब 2003 के बाद पिछले दो दशकों में 10 चुनाव कराए जा चुके हैं, तो अब बिहार चुनाव से ठीक पहले इस पुनरीक्षण की अचानक जरूरत क्यों आन पड़ी? उन्होंने बताया कि 2003 में जब विशेष पुनरीक्षण हुआ था, तब वह लोकसभा चुनावों से एक साल और विधानसभा चुनावों से दो साल पहले हुआ था, न कि चुनाव के ठीक पहले। डॉ सिंघवी ने चिंता जताई कि यह प्रक्रिया गरीब, हाशिए पर खड़े, वंचित और अल्पसंख्यक मतदाताओं को सबसे ज्यादा प्रभावित करेगी। उन्होंने कहा कि जुलाई-अगस्त के महीनों में अधिकांश मज़दूर वर्ग धान की बुआई के कारण राज्य से बाहर रहते हैं। वहीं बिहार में बाढ़ का खतरा भी रहता है। ऐसे में इन वर्गों के लिए इतने कम समय में अपने माता-पिता के जन्म प्रमाण जैसे दस्तावेज़ जुटा पाना लगभग असंभव है। उन्होंने आधार कार्ड को पहचान के सबसे व्यापक और प्रामाणिक दस्तावेज़ों में से एक बताया और कटाक्ष करते हुए कहा, भारत का जीवन आधार से चलता है, लेकिन चुनाव में इसे अचानक परीकथा बना दिया जाता है? उन्होंने तंज कसते हुए कहा, आपने कानून में संशोधन कर आधार को अपनाया, और अब चुनावी मंडी से उसे बाहर कर दिया। कुल मिलाकर, कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट के निर्णय को लोगों के अधिकारों की रक्षा करने वाला करार दिया और चुनाव आयोग की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े किए।

Subrahmanyam Jaishankar का फोकस: आर्थिक रिश्तों को नई रफ्तार
Bharatiya Janata Party की सरकार गठन तैयारी तेज, Amit Shah बंगाल के पर्यवेक्षक
RCB से जुड़ी यादों में डूबे Virat Kohli, बोले- ये परिवार जैसा साथ था
KL Rahul ने पिता बनने के बाद साझा किए भावुक अनुभव
मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद पत्थलगांव – कुनकुरी सड़क मरम्मत में आई तेजी
कृषि क्रांति की ओर बढ़ता जशपुर : किसानों ने रायपुर में किया अध्ययन भ्रमण
वित्तमंत्री ओपी चौधरी का किया गया आत्मीय स्वागत
सुशासन तिहार की शुरुआत : जनभागीदारी से स्वच्छता श्रमदान और जल संरक्षण को मिला बढ़ावा
रोहित जैन बने नए डिप्टी गवर्नर, RBI में अहम नियुक्ति
सुशासन तिहार में समाधान शिविरो से आम जन को मिल रहा है लाभ