चलती ट्रेन से गिरते ही आरपीएफ जवान ने थामा हाथ, बचाई यात्री की जान
भोपाल स्टेशन पर प्रधान आरक्षक नितिन अमरोही की सतर्कता से टली बड़ी दुर्घटना
भोपाल: मंडल रेल प्रबंधक श्री देवाशीष त्रिपाठी के मार्गदर्शन में पश्चिम मध्य रेलवे, भोपाल मंडल यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इसी क्रम में भोपाल रेलवे स्टेशन पर एक सतर्क रेल सुरक्षा बल जवान द्वारा दिखाई गई फुर्ती और संवेदनशीलता ने एक यात्री की जान बचा ली।
गाड़ी संख्या 20103 गोरखपुर एक्सप्रेस जब भोपाल स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 2 से रवाना हो रही थी, उस समय विदिशा निवासी राहुल सिंह राजपूत, जो स्लीपर कोच के पायदान पर बैठा था, असंतुलित होकर नीचे गिरने लगा। प्लेटफॉर्म पर ड्यूटी पर तैनात रेल सुरक्षा बल के प्रधान आरक्षक नितिन अमरोही ने स्थिति की गंभीरता को तुरंत भांपते हुए बिना एक पल गंवाए तेजी से कार्रवाई की। उन्होंने गिरते हुए यात्री को थाम लिया और उसे ट्रेन के नीचे जाने से बचाते हुए सुरक्षित स्थान पर खींच लिया।
इस साहसिक प्रयास के कारण यात्री को किसी भी प्रकार की शारीरिक चोट नहीं आई। यदि यह त्वरित प्रतिक्रिया नहीं होती, तो यह घटना एक बड़ी दुर्घटना में बदल सकती थी। यह कार्य न केवल RPF की सतर्कता का प्रमाण है, बल्कि यात्रियों की सुरक्षा के प्रति उनकी गहरी प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है। इस संबंध में वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया ने बताया, "रेलवे में यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। प्रधान आरक्षक नितिन अमरोही द्वारा दिखाई गई तत्परता अत्यंत सराहनीय है और यह समस्त सुरक्षा बल के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत करती है।"
पश्चिम मध्य रेलवे यात्रियों से अपील करता है कि यात्रा के दौरान कोच के दरवाजे या पायदान पर बैठने से परहेज करें और हमेशा अपनी सुरक्षा का ध्यान रखें। आपकी सतर्कता और रेलवे की सजगता मिलकर ही एक सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित कर सकती है।

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