नक्सलियों ने 2 गांवों के 8 परिवारों को दी जान से मारने की धमकी, शिकायत दर्ज
दंतेवाड़ा और बीजापुर जिले के सरहदी सीमा में बसे 2 गांव के 8 परिवारों को नक्सलियों ने जान से मारने की धमकी दी है। नक्सलियों ने इन लोगों को गांव से बेदखल कर दिया। जिसके बाद पीड़ित परिवारों ने मामले की शिकायत दंतेवाड़ा जिले के बारसूर थाना में दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
दंतेवाड़ा और बीजापुर सीमा से लगे बारसूर थाना क्षेत्र के तुषवाल पंचायत के दो गांव के आठ परिवारों को नक्सलियों ने जान से मारने का धमकी दी और गांव से बेदखल कर दिया है। ग्रामीणों ने बताया कि तीन दिन पहले तुषवाल पंचायत के तोड़मा और कोहकाबेड़ा गांव के आठ परिवार को नक्सलियों ने गांव छोड़ने का फरमान जारी किया। दंतेवाड़ा और बीजापुर जिले के शरहद में बसे तुषवाल पंचायत के सभी पीड़ित परिवार बताए जा रहे हैं। नक्सलियों के इस फरमान के बाद से इन सभी परिवार के लोगों में दहशत देखी जा रही है। पीड़ित परिवार गांव छोड़कर निकल पड़े है और अब बस्तर जिले के किलेपाल, वाहनपुर गांव में पनाह लेने पहुंच रहे हैं।
नक्सलियों ने इन पीड़ित परिवारों के ऊपर पुलिस मुखबिर करने और थुलथुली मुठभेड़ का आरोप लगाते हुए तीन दिन पहले गांव में बैठक की थी। जहां नक्सलियों के पूर्वी बस्तर डिविजन के करीब 50 की संख्या में नक्सली गांव मे पहुंचे और इन परिवारों को धमकाते हुए गांव से बेदखल करने की बात कही। इन पीड़ितों ने बारसूर थाना में जाकर मामला दर्ज कराई है। पुलिस अब मामले की जांच कर रही है।

राहुल गांधी का बड़ा बयान: 'कॉकरोच आंदोलन' के बाद छात्रों पर हिंसा को लेकर सरकार पर निशाना
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर शरद पवार का बड़ा दावा, बोले- 'PM से बातचीत के बाद बदला घटनाक्रम'
'फोन छूने पर बेरहमी से पीटते थे', नौकरी दिलाने के नाम पर युवकों के साथ हुआ खौफनाक खेल
जिस सरकार ने कहा- इस्तीफे नहीं होते, उसी में 12 साल में कई बड़े नेताओं ने छोड़ा पद
दमिश्क हाईवे पर मौत का सफर: बस दुर्घटना में 35 यात्रियों की दर्दनाक मौत
रालोद में अंदरूनी कलह खुलकर आई सामने, 10 पदाधिकारियों ने दिया सामूहिक इस्तीफा
CM शुभेंदु की चेतावनी, 'धोखेबाज भतीजे को कोई नहीं बचा पाएगा', घोटाले पर सियासी वार
एक तरफ धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, दूसरी तरफ मायावती का बड़ा राजनीतिक संदेश